स्टार्ट अप इंडिया हब का शुभारम्भ

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमन ने सोमवार को नई दिल्ली में ऑनलाइन स्टार्ट अप इंडिया हब का शुभारम्भ किया, जहां भारत में उद्यमिता परिवेश के सभी भागीदार एक मंच पर आकर परस्पर खोज करेंगे, सम्पर्क में रहेंगे और एक दूसरे से राय-मशविरा करेंगे।

स्टार्ट-अप हब के उद्घाटन के अवसर पर ‘स्टार्ट अप परिदृश्य का मार्गदर्शन’ नाम से एक सत्र का भी आयोजन किया गया, जिसमें प्रत्येक स्टार्ट अप, निवेशक, इन्क्यूबेटर, उत्प्रेरक और संरक्षक समुदाय के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

क्या है स्टार्ट अप इंडिया?

16 जनवरी 2016 को भारत सरकार द्वारा शुरू किया गया यह एक फ्लैगशिप कार्यक्रम है। इस योजन को देश में आर्थिक विकास को बढ़ावा देने और बड़े पैमाने पर रोज़गार के अवसर सृजित करने के लिये नवाचार और स्टार्टअप के एक मज़बूत पारिस्थितिकी तंत्र का निर्माण करने के लिये शुरू किया गया था। इस पहल के माध्यम से सरकार नवाचार और डिजाइन को विकसित करना चाहती है ताकि स्टार्टअप को सशक्त बनाया जा सके।

मुख्य तथ्य

1.मंत्री ने समूचे उद्यमिता के पारिस्थितिकी तंत्र (ecosystem) को एक मंच पर लाने की आवश्यकता को रेखांकित करते हुए कहा कि स्टार्ट अप इंडिया को एक बाज़ार बनाने का प्रयास किया जा रहा है, जहाँ इसके सभी भागीदार आपस में बातचीत कर सकें, अपनी जानकारियों को साझा कर सकें और एक-दूसरे को विकसित होने में मदद कर सकें।

2.हब मौजूदा और संभावनाशील स्टार्ट अप को आसान व कारगर बनाएगा। यह सही समय पर सही संसाधनों तक पहुँचने में मदद करेगा।

3.एक नई पहल की भी घोषणा की गई जिसमें स्टार्ट अप सार्क देशों में विचार-विमर्श के कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।

4.यह पोर्टल स्टार्ट अप, निवेशक, संरक्षक, इन्क्यूबटर्स, कॉरपोरेट्स और सरकारी निकाय इत्यादि की मेज़बानी करेगा। यह हब सूचनाओं में विसंगति की समस्या कम करेगा और खासकर देश की दूसरी व तीसरी श्रेणी के शहरों में जानकारियों, उपकरणों व विशेषज्ञों तक पहुँच की कमी को दूर करने की कोशिश करेगा।

5.स्टार्ट अप के लिये वर्चुअल हब (virtual hub) एक गत्यात्मक मंच होगा जो उनके शिक्षण एवं विकास, नेटवर्किग, संरक्षण, वित्तपोषण आदि को सुगम बनाएगा।

6.स्टार्ट अप इंडिया अनेक संगठनों के उद्यमियों और निवेशकों के साथ भागीदार रहा है। साथ ही ज्ञान के मॉद्य़ूल को बढ़ावा भी दिया है। विभिन्न मंचों तक पहुँच बढ़ाने के लिये  एक एंड्रोयड मोबाइल एप भी बनाया गया है।

7.भारत पूरी दुनिया में स्टार्ट अप पारिस्थितिकी तंत्र वाला तीसरा सबसे बड़ा देश है, जहाँ रोज़ाना तीन से चार स्टार्ट अप अपना काम शुरू करते हैं।

8.यह हब एक नोडल प्लेटफॉर्म के रूप में काम करेगा और उपयोगकर्त्ताओं को स्टार्ट-अप पारिस्थितिकी तंत्र में भागीदार बनाने, शिक्षण संसाधनों तक फ्री पहुँच, कानूनी-तंत्र तक पहुँच, मानव संसाधन व लेखा और नियामकीय मामलों के मंच से जुड़ने में उन्हें सक्षम बनाएगा।

9.इस हब में सरकार के प्रासंगिक 50 योजनाओं और कार्यक्रमों को शामिल किया गया है। दूसरे चरण में यह प्लेटफॉर्म राज्य सरकारों की स्कीमों को भी शामिल करेगा।

10.स्टार्टअप उपयोगकर्त्ताओं को बेहतर अनुभव दिलाने के लिये यह प्लेटफार्म स्वत: ही सभी जगहों से सूचनाओं को एकत्रित करेगा।